धूमिल

मुख्यतः साहित्यिक शब्द, जो अंधकारमय, उदास, धूसर के समतुल्य है... विशुद्ध मौसम-वैज्ञानिक संदर्भ में, यह शब्द बादलों से ढके, सीसे जैसे धूसर आकाश के लिए तथा धुंध की उपस्थिति से उत्पन्न दमघोंटू वातावरण के लिए भी प्रयुक्त होता है, जिसमें दृश्यता कम हो जाती है।